
भारतीय क्रिकेट के इतिहास में अनिल कुंबले का योगदान कभी न भुलाए जा सकने वाला है. कुंबले ने अपने १८ वर्ष के लंबे खेल जीवन में अनेकों उपलब्धियां हासिल की हैं. भारतीय क्रिकेट के महान खिलाडी कपिल देव जब दुनिया के सबसे अधिक टेस्ट विकेट लेने वाले गेंदबाज़ बने तब उस आंकडे को छूना बड़ा असंभव सा लगता था परन्तु आज अनिल कुंबले एक ऐसी शख्सियत के रूप में क्रिकेट से अलविदा कह रहे हैं. जहाँ पर निश्चित ही उनके पीछे उनके रिकार्ड तक पहुँचने वाला दूर-दूर तक कोई भारतीय खिलाडी दिखाई नही देता.
कुंबले ने १८ वर्ष के लंबे करियर में ६१९ टेस्ट तथा ३३७ वन डे विकेट लेकर भारत में मील के पत्थर स्थापित किए हैं. साथ ही कुंबले ने पाकिस्तान के विरूद्ध फिरोजशाह कोटला मैदान पर एक पारी में १० विकेट लेने का कारनामा किया जो क्रिकेट के इतिहास में इससे पहले सिर्फ़ एक बार जिम लेकर (इंग्लेंड) ने किया था. अनिल कुंबले ने देश के लिए जो अमूल्य सेवाएँ दी उनके लिए देश का प्रत्येक खेल प्रेमी उन्हें सदा याद करता रहेगा.
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